नई दिल्ली।

छत्तीसगढ़ के स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट में आपातकाल के दौरान उतारे गए बांग्लादेशी विमान को यहां से सात अगस्त को आठ वर्ष पूरे हो गए हैं। इन आठ वर्षों में विमान का किराया लगभग सवा तीन करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। रायपुर विमानतल अथारिटी की ओर से इस विमान की नीलामी की तैयारी की जा रही है। विमानतल अथॉरिटी ने बांग्लादेशी कंपनी को नोटिस जारी कर दिया है। नीलामी के लिए कंपनी के जवाब का इंतजार है। वहीं विमानतल अथारिटी की ओर से अपने कानूनी सलाहकारों से इस संबंध में चर्चा की जा रही है। रायपुर विमानतल के निदेशक प्रवीण जैन ने बताया कि बांग्लादेशी कंपनी का जवाब आते ही नीलामी की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।

सात अगस्त 2015 को बड़ी आपात स्थिति में ढाका से मस्कट जा रहे एमडी 83 विमान में खराबी की वजह से उसकी लैंडिंग रायपुर विमानतल में करवाई गई थी, जिसमें 173 यात्री शामिल थे। इसके बाद यात्रीगण को दूसरे विमान से भेज दिया गया था। इस घटना के बाद से वह बांग्लादेशी विमान रायपुर विमानतल में खड़ा है और अब उसकी नीलामी की तैयारी की जा रही है। 2019 में बांग्लादेशी विमानन कंपनी के विशेषज्ञों की ओर से रायपुर विमानतल पहुंचने के बाद उन्होंने इस विमान को 300 मीटर खिसकाया था। उन विशेषज्ञों ने यह भी बताया था कि विमान को जल्द से जल्द ले जाने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।

2015 से लेकर अब तक, रायपुर विमानतल अथॉरिटी ने बांग्लादेशी कंपनी को 70 से अधिक बार पत्र और ईमेल लिखे हैं। इस बार उन्होंने नीलामी के संदर्भ में बांग्लादेशी कंपनी को नोटिस जारी किया है और वर्तमान में कंपनी के जवाब का इंतजार किया जा रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *