पाकिस्तान-अफगानिस्तान सीमा तनाव फिर बढ़ा, अफगानिस्तान ने पाकिस्तान पर एयरस्ट्राइक में 11 बच्चों समेत 13 नागरिकों की मौत का गंभीर आरोप लगाते हुए जवाबी कार्रवाई भी की है। जानें पूरी खबर…
नई दिल्ली: पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सीमा पर एक बार फिर सैन्य तनाव गंभीर हो गया है। अफगानिस्तान की तालिबान सरकार ने आरोप लगाया है कि पाकिस्तान ने उसके पूर्वी प्रांतों में एयरस्ट्राइक की, जिसमें कुल 13 नागरिकों की मौत हो गई है, जिसमें 11 बच्चे भी शामिल हैं। इस घटना ने दोनों देशों के बीच के संबंधों को पहले से अधिक तनावपूर्ण बना दिया है।
तालिबान के प्रवक्ता ने दी जानकारी
अफगानिस्तान के तालिबान सरकार में मौजूदा प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने इस बात की जानकारी दी कि हमले बीती रात अफगानिस्तान के खोस्त, कुनार और पक्तिका प्रांतों में हुए। इस हमले से आसपास के इलाकों को भारी नुकसान हुआ है। वहीं करीब 13 लोगों के मौत की खबर भी सामने आ रही है और 14 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
उन्होंने एक्स पर ट्वीट करते हुए लिखा – “अपराध, बीती रात पाकिस्तानी सेना ने एक बार फिर अफगानिस्तान के हवाई क्षेत्र का उल्लंघन किया और कुनार, खोस्त और पक्तिका प्रांतों में नागरिकों के घरों पर बमबारी की। इन हमलों के परिणामस्वरूप, 11 बच्चों, एक महिला और एक बुजुर्ग व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि 14 अन्य महिलाएं और बच्चे घायल हो गए। हम इस मानवीय अपराध और आक्रामक कृत्य की कड़ी निंदा करते हैं”।
रात के समय हुआ हमला, घरों पर गिरे बम
तालिबान प्रशासन के प्रवक्ता के अनुसार, यह हवाई हमले देर रात किए गए जब अधिकांश लोग अपने घरों में सो रहे थे। स्थानीय नागरिकों के अनुसार, इस हमले में एक ही परिवार के कई लोग मारे गए हैं। इनमें से कई मृतकों की उम्र बेहद कम थी, जिनमें अधिकतर बच्चे शामिल थे। बताया गया है कि 14 अन्य लोग घायल भी हुए हैं, जिनमें महिलाएं और बच्चे शामिल हैं।
तालिबान सरकार के प्रवक्ता ने सोशल मीडिया पर दावा किया कि यह हमला नागरिक इलाकों को निशाना बनाकर किया गया। उन्होंने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया।
पाकिस्तान का दावा: आतंकियों को निशाना बनाया
दूसरी ओर, पाकिस्तान ने अब तक इन हमलों की सीधी पुष्टि नहीं की है। लेकिन पाकिस्तान इन क्षेत्रों का उपयोग सीमा पार सक्रिय आतंकवादी समूहों के खिलाफ होते हैं, खासकर उन समूहों के खिलाफ जो पाकिस्तान में हमलों के लिए जिम्मेदार बताए जाते हैं।
पाकिस्तान का आरोप है कि अफगानिस्तान की जमीन का इस्तेमाल आतंकी संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) करते हैं, जो पाकिस्तान में होने वाले कई बड़े हमलों के जिम्मेदार हैं। जबकि काबुल सरकार इन आरोपों को लगातार खारिज करती रही है।
दोनों देशों के दावे
घटना के बाद दोनों देशों की तरफ से अलग-अलग आंकड़े सामने आए हैं:
- अफगान सरकार: 13 नागरिकों की मौत, जिनमें 11 बच्चे, 1 महिला और 1 बुजुर्ग शामिल। हमले में आम नागरिकों को निशाना बनाया गया
- पाकिस्तान का दावा (पहले के अभियानों के संदर्भ में): आतंकियों के ठिकानों पर कार्रवाई में 20 से अधिक लड़ाके मारे गए
अफगानिस्तान की जवाबी कार्रवाई
अफगानिस्तान ने भी इस हमले प जवाबी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान के हेलीकॉप्टर को मार गिराया है। इस हमले में अफगानिस्तानी सेना ने 21 पाकिस्तानी सैनिकों के मारे जाने की पुष्टि की है।
अफगानिस्तानी सेना ने अपने एक्स हैंडल पर एक वीडियो जारी करते हुए लिखा कि – “21 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए। अफगान सेना ने पाकिस्तानी सेना के एविएशन Mi-17 हेलीकॉप्टर को मार गिराया, जिसके परिणामस्वरूप पाकिस्तानी सेना को भारी नुकसान हुआ”।
सीमाई इलाकों में लगातार बढ़ रहा तनाव
फरवरी 2026 से ही दोनों देशों के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है। सीमा क्षेत्रों में कई बार गोलीबारी और हवाई हमलों की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। हालांकि बीच-बीच में दोनों देशों के बीच युद्ध विराम की खबरें भी सामने आती रही हैं। लेकिन इसे अधिक समय तक बरकरार नहीं रखा जा सका।
हाल के महीनों में दोनों ही देशों ने सीमा पर संघर्ष में सैकड़ों लोगों की मौत का दावा किया है। इसके अलावा युद्ध संघर्ष के कारण व्यापार और आवाजाही भी काफी हद तक प्रभावित हुई है।
इस बीच दोनों देशों के सध्य शांति वार्ताओं के कई प्रयास भी असफल साबित हुए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, हालात इतने खराब हो चुके हैं कि कई सीमाई मार्ग अस्थायी रूप से बंद भी किए गए हैं।
बच्चों की मौत से बढ़ा अंतरराष्ट्रीय दबाव
इस ताजा घटना में बच्चों की मौत ने अंतरराष्ट्रीय चिंता बढ़ा दी है। मानवाधिकार संगठनों और वैश्विक मीडिया में इसे लेकर गंभीर सवाल उठाए जा रहे हैं कि क्या सैन्य कार्रवाई में नागरिक सुरक्षा सुनिश्चित की जा रही है या नहीं।
विशेषज्ञों का कहना है कि:
- नागरिक क्षेत्रों में हमले क्षेत्रीय अस्थिरता को बढ़ा सकते हैं
- दोनों देशों के बीच विश्वास की कमी और गहरी हो सकती है
- आतंकवाद विरोधी अभियानों का असर आम जनता पर पड़ रहा है
पहले भी हो चुकी हैं ऐसी घटनाएं
यह पहली बार नहीं है जब अफगानिस्तान ने पाकिस्तान पर सीमा पार हवाई हमलों का आरोप लगाया हो। पिछले महीनों में भी कई बार दोनों देशों ने एक दूसरे पर नागरिकों की मौत, मस्जिदों, स्कूलों और घरों के क्षतिग्रस्त करने का आरोप लगाया है।
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