Wednesday, 09 September 2026
ब्रेकिंग न्यूज़
बिहार-यूएई साझेदारी से फूड प्रोसेसिंग और निवेश को मिलेगी नई गति नई Tata Sierra EV बताकर ग्राहक को दी कार, ओडोमीटर पर दिखी 900 किमी रनिंग; 80 किमी बाद हुई बंद, रिफंड की मांग ऑस्ट्रेलिया में सोशल मीडिया एल्गोरिदम पर शिकंजा, अब यूजर्स तय करेंगे क्या देखना है! नियम न मानने पर कंपनियों को देना होगा भारी जुर्माना PM Modi-Putin Talks: ब्रिक्स से पहले मोदी-पुतिन की मुलाकात, तेल से लेकर एसयू-57 तक कई मुद्दों पर होगी अहम बातचीत तबाही में खुशियों की छोटी-सी वापसी! गाजा के मलबे के बीच बच्चों ने देखी ‘द लायन किंग’ क्या है ‘ऑरवेलियन डिस्टोपिया’, जिसका जिक्र कर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने DU छात्रा आकृति चौधरी की NSA हिरासत रद्द की? Asha Bhosle 93rd Birth Anniversary: संगीत से लेकर कारोबार तक, आशा ताई की जिंदगी के 7 अनसुने किस्से Neerja Bhanot 63rd Birth Anniversary: जब एक 23 साल की फ्लाइट अटेंडेंट ने सैकड़ों जिंदगियां बचाकर दी अपनी जान बिहार-यूएई साझेदारी से फूड प्रोसेसिंग और निवेश को मिलेगी नई गति नई Tata Sierra EV बताकर ग्राहक को दी कार, ओडोमीटर पर दिखी 900 किमी रनिंग; 80 किमी बाद हुई बंद, रिफंड की मांग ऑस्ट्रेलिया में सोशल मीडिया एल्गोरिदम पर शिकंजा, अब यूजर्स तय करेंगे क्या देखना है! नियम न मानने पर कंपनियों को देना होगा भारी जुर्माना PM Modi-Putin Talks: ब्रिक्स से पहले मोदी-पुतिन की मुलाकात, तेल से लेकर एसयू-57 तक कई मुद्दों पर होगी अहम बातचीत तबाही में खुशियों की छोटी-सी वापसी! गाजा के मलबे के बीच बच्चों ने देखी ‘द लायन किंग’ क्या है ‘ऑरवेलियन डिस्टोपिया’, जिसका जिक्र कर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने DU छात्रा आकृति चौधरी की NSA हिरासत रद्द की? Asha Bhosle 93rd Birth Anniversary: संगीत से लेकर कारोबार तक, आशा ताई की जिंदगी के 7 अनसुने किस्से Neerja Bhanot 63rd Birth Anniversary: जब एक 23 साल की फ्लाइट अटेंडेंट ने सैकड़ों जिंदगियां बचाकर दी अपनी जान

MERI ने फैकल्टी के लिए एआई और उभरती नई तकनीकों पर अध्ययन एवं प्रस्तुति कार्यक्रम आयोजित किया, भविष्य की तकनीकों पर हुआ व्यापक विमर्श

तेजी से बदलती तकनीकी दुनिया को ध्यान में रखते हुए मैनेजमेंट एजुकेशन एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट (MERI), नई दिल्ली ने 26 जून को फैकल्टी सदस्यों के लिए एआई और अन्य उभरती तकनीकों पर विशेष अध्ययन एवं प्रस्तुति कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम का उद्देश्य शिक्षकों को नवीनतम तकनीकी विकास से परिचित कराना तथा उन्हें इन विषयों को विद्यार्थियों के लिए अधिक प्रासंगिक और प्रभावशाली बनाने हेतु तैयार करना था। इस अवसर पर डीएससीआई के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री विनायक गोडसे, एयर वाइस मार्शल वीएसएम (डॉ.) देवेश वत्सा एवं मेजर जनरल मनजीत सिंह मोखा ने अपने अनुभव साझा किए।

इस कार्यक्रम में फैकल्टी सदस्यों को दस समूहों में बांटा गया। हर समूह को अलग-अलग विषयों पर अध्ययन करने की जिम्मेदारी दी गई। अध्ययन के प्रमुख विषयों में माइक्रोसॉफ्ट, गूगल, एनवीडिया, इंटेल, एनएक्सपी सेमीकंडक्टर्स और क्वालकॉम जैसी प्रमुख तकनीकी कंपनियों के नए विकास शामिल थे। इसके अलावा ओपनएआई, क्लॉड और चीन के एआई मॉडल, एजेंटिक एआई तथा फिगर एआई, यूनिट्री और एजीआईबॉट जैसी कंपनियों के ह्यूमनॉइड रोबोट्स पर भी विस्तार से चर्चा की गई।

फैकल्टी ने केवल नई तकनीकों की जानकारी ही नहीं जुटाई, बल्कि यह भी समझने का प्रयास किया कि इन तकनीकों के पीछे क्या सोच है, इनका दुनिया और भारत पर क्या असर पड़ सकता है, उद्योगों और अर्थव्यवस्था को इससे क्या लाभ मिलेगा और इनके बढ़ते उपयोग के साथ कौन-कौन सी नीतिगत चुनौतियां सामने आ सकती हैं।

सभी समूहों ने अपने अध्ययन के निष्कर्ष प्रस्तुत किए, जिसके बाद प्रश्नोत्तर कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रस्तुतियों का मूल्यांकन अध्ययन की गुणवत्ता, विषय की समझ, विश्लेषण क्षमता, विचारों की स्पष्टता और कठिन तकनीकी विषयों को सरल भाषा में समझाने की योग्यता के आधार पर किया गया।

MERI का यह प्रयास फैकल्टी को नई तकनीकों की जानकारी से लगातार अपडेट रखने और शोध आधारित शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। संस्थान का उद्देश्य विद्यार्थियों को बदलती डिजिटल दुनिया के अनुरूप ज्ञान और कौशल देना तथा उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करना है।

शेयर करें: Facebook X WhatsApp
BN

Bureau NOTD

लेखक

NOTD News के लिए नियमित रूप से समाचार लिखते हैं।

संबंधित खबरें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

// न्यूज़लेटर

हर सुबह सबसे पहले ख़बरें।

अपना ईमेल दर्ज करें — कोई स्पैम नहीं, सिर्फ ज़रूरी खबरें।