Saturday, 22 August 2026
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Delhi Liquor Policy: AAP ने BJP पर उठाए सवाल, दिल्ली लिकर पॉलिसी केस पर फिर सियासी संग्राम

Delhi Liquor Policy: दिल्ली शराब नीति मामले में CBI ने हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया, AAP ने BJP पर उठाए गंभीर सवाल — जानिए पूरा सियासी और कानूनी गतिविधियाँ।

नई दिल्ली: दिल्ली की चर्चित शराब नीति (Liquor Policy) का मामला एक बार फिर गर्म हो गया है। एक तरफ CBI ने हाई कोर्ट में याचिका दाखिल कर दी है, तो दूसरी तरफ AAP और BJP के बीच बयानबाजी का नया दौर शुरू हो गया है। इस बार AAP के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने एक ऐसा सवाल उठाया है जिसने सियासी हलचल मचा दी — आखिर BJP नेताओं को अदालत के फैसले का पहले से अंदाजा कैसे हो जाता है?

क्या है पूरा मामला?

यह विवाद दिल्ली सरकार की 2021-22 की शराब नीति से जुड़ा है जिसे बाद में वापस ले लिया गया था। आरोप है कि इस नीति में कुछ खास कारोबारी गुटों को फायदा पहुंचाने के बदले करीब 100 करोड़ रुपये की रिश्वत का लेन-देन हुआ। CBI और ED ने जांच शुरू की और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया समेत कुल 23 लोगों को आरोपी बनाया गया।

ट्रायल कोर्ट से मिली राहत, CBI हाई कोर्ट पहुंची

27 फरवरी 2026 को दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने सभी 23 आरोपियों को केस से डिस्चार्ज कर दिया। अदालत ने कहा कि जांच एजेंसियों के पास मुकदमा चलाने के लिए पर्याप्त सबूत नहीं हैं। AAP ने इस फैसले को अपनी बड़ी जीत बताया।
लेकिन CBI ने चुप्पी नहीं साधी। उसने इस फैसले को दिल्ली हाई कोर्ट में चुनौती दे दी। जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा की बेंच ने सभी 23 आरोपियों से जवाब मांगा और ट्रायल कोर्ट की कुछ टिप्पणियों को prima facie गलत भी करार दिया। हालांकि डिस्चार्ज के आदेश पर अभी रोक नहीं लगाई गई है — यानी फिलहाल आरोपियों को मिली राहत बरकरार है।

BJP का दावा

हाई कोर्ट की सुनवाई शुरू होते ही BJP नेता सक्रिय हो गए। दिल्ली BJP अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने कहा कि न्यायिक प्रक्रिया जारी है और सच जरूर सामने आएगा। वहीं दिल्ली सरकार में मंत्री कपिल मिश्रा ने सोशल मीडिया पर लिखा — “पिक्चर अभी बाकी है।”

AAP का तीखा जवाब और BJP का पलटवार

इसी बयान पर सौरभ भारद्वाज ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में BJP पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने सीधा सवाल किया — “जब हाई कोर्ट में सुनवाई अभी पूरी भी नहीं हुई, तो BJP नेताओं को कैसे पता कि सजा होगी? क्या उन्हें पहले से पता है कि अदालत क्या फैसला करेगी?”
सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया कि BJP जानबूझकर ऐसा माहौल बना रही है जिससे अदालत पर दबाव पड़े और जनता के बीच भ्रम फैले।

BJP ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया। पार्टी का कहना है कि AAP न्यायपालिका पर सवाल उठाकर राजनीतिक बचाव की कोशिश कर रही है और जांच एजेंसियों के पास पर्याप्त सबूत हैं जो कोर्ट में पूरी प्रक्रिया के बाद सामने आएंगे।

दिल्ली शराब नीति केस अब महज एक कानूनी लड़ाई नहीं रहा — यह दिल्ली की राजनीति का सबसे बड़ा अखाड़ा बन चुका है। AAP इसे राजनीतिक साजिश बता रही है तो BJP इसे बड़े भ्रष्टाचार का मामला। अंतिम फैसला अदालत के हाथ में है

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BN

Bureau NOTD

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NOTD News के लिए नियमित रूप से समाचार लिखते हैं।

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