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जानिए सुरंग के अंदर 16 दिनों से फंसे मजदूरों ने कैसे किया गुजारा, बचे रहने के लिए क्या करनी पड़ी जद्दोजहद

28/11/2023

उत्तराखंड: सुरंग के भीतर फंसे 16 दिनों से मजदूरों के लिए समय बिताना एक कठिनाई भरा अनुभव था, जिसमें उन्हें बाहरी दुनिया की मुश्किलों की जानकारी नहीं मिली थी। हालांकि, इस मुश्किल समय में उनका हौसला बनाए रखने के लिए विभिन्न साधनों का सहारा लिया गया।

मजदूरों को अब सुरंग के भीतर जा कर उनके परिजनों से मिलने की अनुमति दी गई है, जिससे उन्हें सुखद और आरामदायक समय बिताने का अवसर मिला है। इससे मजदूरों को अपने परिवार और दुनियाभर की ताजगी से जोड़ने का मौका मिला है।

डॉक्टरों की टीम ने भी मजदूरों की स्वास्थ्य सम्बंधी समस्याओं का समाधान करने के लिए कदम उठाया है, और इसके तहत उन्हें आवश्यक दवाएं भी पहुंचाई गई हैं। सुरंग के भीतर हो रहे इस चिकित्सकीय कार्यक्रम से मजदूरों को आत्म-समर्पण और समझदारी की भावना मिल रही है।

मजदूरों के लिए एक स्वस्थ और अच्छे भोजन की व्यवस्था हो रही है, जिसमें उन्हें एनर्जी ड्रिंक से लेकर पूरे भोजन तक की सभी आवश्यकताएं पूरी की जा रही हैं। उन्हें योगा करने के लिए भी आवंटन हो रहा है, जिससे उनका तन-मन स्वस्थ रहेगा।

सुरंग के भीतर फंसे मजदूरों के और उनके परिजनों के बीच संवाद बनाए रखने के लिए विभिन्न प्रयासों से उन्हें आत्मविश्वास और समर्थन की भावना मिल रही है। इस दृष्टि से, इस कठिन समय में भी मजदूरों को सहयोग और समर्थन की पूरी गरंटी है, जो उन्हें आगे बढ़ने के लिए मजबूत बना रहेगी।

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Aniket

लेखक

Aniket Sardhana is a journalism graduate with hands-on experience in field reporting, camera operations, and news production. With a strong understanding of newsroom workflows and on-ground storytelling, he has developed a practical and detail-oriented approach to reporting. Aniket writes extensively on cryptocurrency and current affairs, focusing on policy developments, market trends, and their broader socio-economic impact.

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