अमृतसर में ज़हरीली शराब कांड: 17 की मौत, DSP और SHO सस्पेंड, सरगना सहित 9 गिरफ्तार

पंजाब सरकार ने मजीठा कांड पर दिखाया सख्त रुख, पूरे इलाके में जांच तेज, कुछ पीड़ितों की हालत नाजुक

अमृतसर/मजीठा: पंजाब के अमृतसर जिले के मजीठा क्षेत्र में ज़हरीली शराब पीने से हुई 17 लोगों की मौत के बाद प्रशासन ने कड़ा एक्शन लिया है। सरकार ने लापरवाही के आरोप में मजीठा के डीएसपी और एसएचओ को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इस हृदयविदारक हादसे में कई अन्य लोग अब भी अस्पताल में भर्ती हैं, जिनमें से कुछ की हालत बेहद गंभीर बनी हुई है।

शराब माफिया का पर्दाफाश, 9 गिरफ्तार, सरगना भी दबोचा गया
राज्य के पुलिस महानिदेशक गौरव यादव ने जानकारी दी कि नकली शराब बनाने वाले रैकेट का भंडाफोड़ कर दिया गया है। अब तक इस गिरोह से जुड़े 9 लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें सरगना और स्थानीय वितरक भी शामिल हैं। यह गिरोह ऑनलाइन मेथनॉल मंगाकर उससे जहरीली शराब तैयार करता था। पुलिस पूरे नेटवर्क को उजागर करने और सभी आरोपियों को सलाखों के पीछे भेजने की प्रक्रिया में जुटी है।

DSP और SHO निलंबित, विभागीय जांच शुरू
घटना की गंभीरता को देखते हुए डीएसपी और एसएचओ को निलंबित कर उनके खिलाफ विभागीय जांच शुरू कर दी गई है। उनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) और पंजाब आबकारी अधिनियम के तहत विभिन्न धाराओं में FIR भी दर्ज की गई है।

DGP ने सोशल मीडिया पर दी कार्रवाई की जानकारी
डीजीपी गौरव यादव ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट कर बताया कि यह रैकेट नकली शराब बनाकर लोगों की जान से खेल रहा था। उन्होंने लिखा, “सरगना सहित 9 आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं। कार्रवाई जारी है ताकि पूरे नेटवर्क को खत्म किया जा सके।”

अस्पतालों में भर्ती मरीजों की हालत बिगड़ी, पोस्टमार्टम का इंतजार
गुरु नानक देव अस्पताल में भर्ती कम से कम चार मरीजों की तबीयत और बिगड़ गई है। सिविल अस्पताल अमृतसर के एसएमओ डॉ. स्वर्णजीत धवन ने बताया कि पोस्टमार्टम के लिए पुलिस दस्तावेजों का इंतजार किया जा रहा है। उन्होंने कहा, “अभी भी लोग नकली शराब के खतरे से पूरी तरह वाकिफ नहीं हैं। यह बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण घटना है।”

गांव-गांव जांच अभियान, संभावित पीड़ितों की पहचान जारी
प्रशासन ने राहत व बचाव कार्य तेज कर दिए हैं। पुलिस और प्रशासनिक टीमें गांवों में जाकर उन लोगों की पहचान कर रही हैं, जिन्होंने संभवतः नकली शराब का सेवन किया है, ताकि उन्हें समय रहते इलाज मिल सके और मौतों का आंकड़ा न बढ़े।

मौतों की संख्या बढ़ने की आशंका बनी हुई है
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, अभी तक 17 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, लेकिन गंभीर रूप से बीमार मरीजों की स्थिति को देखते हुए मृतकों की संख्या और बढ़ने की आशंका है। प्रशासन इस पूरे मामले पर लगातार नजर बनाए हुए है।

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