नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में भाजपा सरकार द्वारा महिलाओं और ट्रांसजेंडर नागरिकों की फ्री बस यात्रा के मकसद से शुरु किये गए योजना ‘पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड’ के तहत आज एक नया रिकॉर्ड कायम हुआ है। सराकार के मुताबिक, प्रदेश की कुल 8 लाख महिलाएं इस योजना के तहत जुड़ चुकीं हैं। इस योजना के तहत दिल्ली की महिलाओं को DTC (दिल्ली परिवहन निगम) और क्लस्टर बसों में मुफ्त में यात्रा की सुविधा दी जा रही है। दिल्ली में लगातार इस योजना के लाभार्थियों की संख्या में बढ़ोत्तरी हो रही है।
आपको बता दें कि, इस योजना का लाभ दिल्ली में रहने वाली 6 साल से अधिक आयु की सभी महिलाएं और ट्रांस्जेंडर नागरिक उठा सकते हैं। इससे महिलाओं को सुरक्षित और आरामदायक सफर के साथ-साथ उनपर वित्तीय बोझ कम करने का भी प्रयास किया जा रहा है।
यह भी पढ़े: सीजन खत्म होने से पहले मुंबई इंडियंस को लगा बड़ा झटका, दो खिलाड़ी हुए बाहर…
सीएम रेखा गुप्ता का बयान
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने स्मार्ट कार्ड योजना की उपलब्धि पर कहा, “दिल्ली की भाजपा सरकार महिलाओं की सुविधा, सुरक्षा एवं आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के लिए सदैव तत्पर है। महिलाओं के लिए पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड फ्री यात्रा सुविधा से बढ़कर उन्हें सुरक्षित, गरिमापूर्ण और डिजिटल रुप से सशक्त बनाने की दिशा में एक सार्थक प्रयास है”। उन्होंने आगे कहा कि, “इस महत्तवकांशी योजना की सहायता से महिलाओं के जीवन में शिक्षा और रोजगार के नए अवसर भी बढ़ते जा रहे हैं”।
योजना का डिजिटलीकरण
आपको बता दें कि आम आदमी पार्टी की पिछली सरकार में इस योजना की शुरुआत हुई थी। लेकिन वर्तमान सरकार द्वारा योजना को जुलाई 2025 में बंद कर उसे पूर्ण रूप से डिजिटल बना दिया गया। पहले लाभार्थियों को कागज के रूप में पिंक टिकट प्रदान की जाती थी। वर्तमान भाजपा सरकार की नई योजना ‘टैप-एंड-गो’ तकनीक पर आधारित है। यानी यात्री बस में चढ़ते ही ईटीएम मशीन की मदद से अपनी यात्रा दर्ज करा सकते हैं।
हर महीने बचेंगे 1200-2400 रुपये
इस योजना का सीधा लाभ दिल्ली की छात्राओं, कामकाजी महिलाओं और गृहिणियों को मिल रहा है। आंकड़ों के मुताबिक इससे हर महीनें महिलाओं और ट्रांस्जेंडर नागरिकों को 1200 से लेकर 2400 रुपये तक की बचत हो रही है।
यह भी पढ़े: तेलंगाना जूनियर बास्केटबॉल लीग का शानदार आगाज़, ₹1.48 करोड़ ऑक्शन से बना रिकॉर्ड
