10-18 जनवरी 2026 को भारत मंडपम में आयोजित होने वाले नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला 2026 की संपूर्ण जानकारी।
नई दिल्ली: नई दिल्ली वर्ल्ड बुक फेयर (NDWBF) 2026 एक बार फिर साहित्य प्रेमियों के लिए ज्ञान और संस्कृति का विशाल मंच लेकर आ रहा है। यह मेला 10 से 18 जनवरी 2026 तक आयोजित होने वाला है और इसे शिक्षा मंत्रालय के अंतर्गत नेशनल बुक ट्रस्ट (NBT), इंडिया द्वारा आयोजित किया जा रहा है।
यह प्रतिष्ठित मेले का 53वां संस्करण है और इसे दुनिया के सबसे बड़े व्यवसाय-से-उपभोक्ता (B2C) पुस्तक मेलों में से एक माना जाता है। नौ दिनों तक चलने वाला यह आयोजन इंडिया गेट ग्राउंड्स, दिल्ली के भारत मंडपम (पूर्व में प्रगति मैदान) को किताबों, लेखकों, पाठकों और विचारों के संगम में बदल देगा।
NDWBF 2026 की पूरी जानकारी
- तिथियां: 10 से 18 जनवरी 2026 (9 दिन)
- समय: प्रतिदिन सुबह 11 बजे से रात 8 बजे तक
- स्थान: हॉल 2 से 6, भारत मंडपम, नई दिल्ली
- प्रवेश: पूरी तरह निःशुल्क
- निकटतम मेट्रो स्टेशन: सुप्रीम कोर्ट (प्रगति मैदान), ब्लू लाइन
- अनुमानित दर्शक संख्या: 20 लाख से अधिक
भारत की सैन्य विरासत को समर्पित थीम
इस साल की पुस्तक मेला की थीम “Indian Military History – Valour and Wisdom@75” के रूप में निर्धारित की गई है, जो भारत गणराज्य की 75 वर्षों की सैन्य विरासत को समर्पित है। थीम पवेलियन में, आगंतुक भारतीय सेना, नौसेना और वायु सेना की बहादुरी, रणनीति और बलिदानों से संबंधित प्रदर्शनियों के साथ-साथ दुर्लभ कलाकृतियों, ऑडियो-विज़ुअल प्रस्तुतियों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों को देख सकेंगे। यह पवेलियन आम जनता को भारत की रक्षा की कहानी से जोड़ने का प्रयास करेगा।
देश-विदेश की मजबूत भागीदारी
नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला 2026 में इस बार अंतरराष्ट्रीय सहभागिता को विशेष महत्व दिया गया है,इस वर्ष क़तर को गेस्ट ऑफ ऑनर के रूप में आमंत्रित किया गया है ,क़तर के पवेलियन में साहित्यिक चर्चाओं के साथ-साथ उसकी लोक कला और परंपराओं की झलक भी देखने को मिलेगी। वहीं स्पेन को फोकस कंट्री के रूप में चुना गया है,जहां उसके ऐतिहासिक साहित्य, प्रसिद्ध लेखकों, अनुवादित कृतियों और आधुनिक लेखन पर विशेष सत्र आयोजित किए जाएंगे।
इसके अलावा, रूस, संयुक्त अरब अमीरात, सऊदी अरब, ईरान, जापान, पोलैंड, अर्जेंटीना और लिथुआनिया सहित लगभग 30 देशों की भागीदारी इस मेले को अंतरराष्ट्रीय संवाद और सांस्कृतिक आदान-प्रदान के लिए एक मजबूत मंच बनाती है। विभिन्न देशों के प्रकाशक, लेखक और साहित्य प्रेमी इस मंच पर एक-दूसरे की साहित्यिक परंपराओं को समझने और साझा करने का अवसर पाएंगे, जो वैश्विक साहित्य सहयोग के लिए एक नया दिशा प्रदान करेगा।
पुस्तक मेले के प्रमुख आकर्षण
- 1,000 से अधिक प्रकाशक और 3,000+ स्टॉल
- लेखक कॉर्नर और लेखक मंच: पुस्तक विमोचन, परिचर्चाएं और लेखकों से सीधा संवाद
- बाल साहित्य पवेलियन: बच्चों के लिए कार्यशालाएं, गतिविधियां और रीडर्स क्लब पहल
- राष्ट्रीय ई-पुस्तकालय (Rashtriya e-Pustakalaya): 6,000 से अधिक ई-बुक्स तक निःशुल्क डिजिटल पहुंच
- न्यू दिल्ली राइट्स टेबल (12–13 जनवरी): प्रकाशकों के लिए अंतरराष्ट्रीय बौद्धिक संपदा और अनुवाद अधिकारों पर चर्चा
- सांस्कृतिक कार्यक्रम: संगीत, नृत्य, थिएटर और लोक प्रस्तुतियां
- ग्लोबल फेयर डायरेक्टर्स मीट: अंतरराष्ट्रीय प्रकाशन सहयोग को बढ़ावा देने हेतु
क्यों खास है NDWBF 2026?
नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला 2026 विशेष है क्योंकि यह केवल किताबें खरीदने और बेचने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पढ़ने की संस्कृति को मजबूत करने और बौद्धिक संवाद को बढ़ावा देने का एक प्रभावशाली मंच बन जाता है। यहां छात्र और शोधकर्ता अकादमिक और संदर्भ किताबों के माध्यम से अपने ज्ञान को समृद्ध कर सकते हैं, जबकि लेखक और प्रकाशक अपने विचारों, अनुभवों और रचनाओं के साथ व्यापक दर्शकों तक पहुँचने का अवसर पाते हैं।
यह मेला विभिन्न विषयों पर चर्चाओं, लेखक–पाठक अंतरक्रियाओं और अंतरराष्ट्रीय भागीदारी के माध्यम से वैश्विक साहित्यिक संवाद को बढ़ावा देता है। परिवारों और बच्चों के लिए विशेष पवेलियन और गतिविधियाँ इसे सभी उम्र के लोगों के लिए आकर्षक बनाती हैं। दिल्ली की ठंडी सर्दियों के दौरान आयोजित यह आयोजन न केवल किताबों की खुशबू से वातावरण को जीवंत करता है, बल्कि ज्ञान, विचारों और सांस्कृतिक विविधता की गर्माहट भी लाता है, जिससे यह हर आगंतुक के लिए एक यादगार अनुभव बन जाता है।
नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला 2026 साहित्य, संस्कृति और विचारों का एक अनूठा संगम है। चाहे आप दुर्लभ किताबों की तलाश में हों, किसी लेखक से मिलना चाहते हों, या सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आनंद लेना चाहते हों-यह मेला हर किसी के लिए एक यादगार अनुभव की पेशकश करता है। नवीनतम जानकारी के लिए राष्ट्रीय पुस्तक न्यास की आधिकारिक वेबसाइट nbtindia.gov.in पर नजर बनाए रखें, और 10 से 18 जनवरी, 2026 तक इस साहित्यिक महोत्सव का हिस्सा बनना न भूलें।
