Saturday, 24 October 2026
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वकीलों की महाहड़ताल: दिल्ली की सभी जिला अदालतों में कल ‘तालाबंदी’, मुकदमों की सुनवाई टलेगी, जानें क्यों लिया यह फैसला

फाइल फोटो

नई दिल्ली, न्यूज ऑफ द डे

राजधानी की निचली अदालतों में कल यानी 14 मई को कानूनी कामकाज पूरी तरह ठप रहेगा। दिल्ली की सभी जिला अदालत बार एसोसिएशनों की समन्वय समिति (Coordination Committee) ने एक दिवसीय सामूहिक हड़ताल का ऐलान किया है। इस विरोध प्रदर्शन के कारण पटियाला हाउस, तीस हजारी, साकेत, रोहिणी, द्वारका, कड़कड़डूमा और राऊज एवेन्यू कोर्ट में न्यायिक कार्य प्रभावित होना तय है।

क्यों हो रहा है विरोध? 3 मुख्य कारण:

अनदेखी का आरोप: वकीलों का कहना है कि दिल्ली हाईकोर्ट और प्रशासनिक समितियां जिला अदालतों से जुड़े बुनियादी ढांचे और सुविधाओं पर फैसले लेते समय बार एसोसिएशनों की राय को तवज्जो नहीं दे रही हैं।

प्रशासनिक टकराव: समन्वय समिति के मुताबिक, बार को भरोसे में लिए बिना ही कई प्रशासनिक निर्णय थोपे जा रहे हैं, जो वकीलों के अधिकारों का हनन है।

बुनियादी सुविधाओं का अभाव: अदालतों में वकीलों और मुकदमों के लिए आने वाले आम लोगों (लिटिगेंट्स) को रोजमर्रा की व्यावहारिक समस्याओं से जूझना पड़ रहा है, जिसका समाधान नहीं निकल रहा।

“यह केवल एक विरोध प्रदर्शन नहीं है, बल्कि न्याय व्यवस्था में बार की भागीदारी और गरिमा को बचाए रखने की लड़ाई है।”
— डॉ. डी.के. शर्मा (चेयरमैन) एवं विजय बिश्नोई (महासचिव), समन्वय समिति

आम जनता के लिए क्या बदलेगा?

कल होने वाली इस हड़ताल के चलते हजारों मुकदमों की तारीखें आगे बढ़ सकती हैं। समिति ने सभी वकीलों से अपील की है कि वे एकजुट होकर इस आंदोलन को सफल बनाएं और कल कोर्ट रूम में पेश न हों। हालांकि, बार ने स्पष्ट किया है कि यह कदम बार एसोसिएशनों के सम्मान और वकीलों के हितों की रक्षा के लिए उठाया गया है।

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IK

Imran Khan

लेखक

NOTD News के लिए नियमित रूप से समाचार लिखते हैं।

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