Monday, 05 October 2026
ब्रेकिंग न्यूज़
चार साल बाद भारतीय जर्सी में नजर आएंगे भुवनेश्वर कुमार! Hong Kong Sixes 2026 में करेंगे टीम इंडिया की कप्तानी, जानें भारत का पूरा शेड्यूल “क्या एक और महामारी आने वाली है?” रूस में लैब कर्मचारी की मौत पर डॉ. के.ए. पॉल की चेतावनी नसीरुद्दीन शाह के CJP प्रदर्शन में शामिल होने पर भड़के पीयूष मिश्रा, बोले- ‘स्मित मच्छार की बहादुरी पर भी बोलिए’ SIR पर सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस उज्ज्वल भुइयां की दो टूक, बोले- ‘करोड़ों लोगों को वोट से वंचित करना…’ संजय दत्त के ‘भारत में शांति नहीं’ वाले बयान पर मचा बवाल, अब बोले- ‘बात स्क्रिप्टेड थी, किसी को ठेस पहुंचाना मकसद नहीं’ तालकटोरा स्टेडियम में 4वीं दिल्ली स्टेट पैरा स्विमिंग चैंपियनशिप का समापन, 150 से ज्यादा तैराकों ने लिया हिस्सा भारतीय रेडियोलॉजिस्ट डॉ. राघव अग्रवाल को मिला IOC डिप्लोमा इन स्पोर्ट्स मेडिसिन PM Kisan 24th Installment: क्या अक्टूबर में आएगी ₹2000 की अगली किस्त? Farmer ID से लेकर KCC तक जानें सभी जरूरी बातें चार साल बाद भारतीय जर्सी में नजर आएंगे भुवनेश्वर कुमार! Hong Kong Sixes 2026 में करेंगे टीम इंडिया की कप्तानी, जानें भारत का पूरा शेड्यूल “क्या एक और महामारी आने वाली है?” रूस में लैब कर्मचारी की मौत पर डॉ. के.ए. पॉल की चेतावनी नसीरुद्दीन शाह के CJP प्रदर्शन में शामिल होने पर भड़के पीयूष मिश्रा, बोले- ‘स्मित मच्छार की बहादुरी पर भी बोलिए’ SIR पर सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस उज्ज्वल भुइयां की दो टूक, बोले- ‘करोड़ों लोगों को वोट से वंचित करना…’ संजय दत्त के ‘भारत में शांति नहीं’ वाले बयान पर मचा बवाल, अब बोले- ‘बात स्क्रिप्टेड थी, किसी को ठेस पहुंचाना मकसद नहीं’ तालकटोरा स्टेडियम में 4वीं दिल्ली स्टेट पैरा स्विमिंग चैंपियनशिप का समापन, 150 से ज्यादा तैराकों ने लिया हिस्सा भारतीय रेडियोलॉजिस्ट डॉ. राघव अग्रवाल को मिला IOC डिप्लोमा इन स्पोर्ट्स मेडिसिन PM Kisan 24th Installment: क्या अक्टूबर में आएगी ₹2000 की अगली किस्त? Farmer ID से लेकर KCC तक जानें सभी जरूरी बातें

“क्या एक और महामारी आने वाली है?” रूस में लैब कर्मचारी की मौत पर डॉ. के.ए. पॉल की चेतावनी

रूस में एंटी-प्लेग लैब कर्मचारी की मौत के बाद डॉ. के.ए. पॉल ने स्वतंत्र जांच और पारदर्शिता की मांग की। जानें पूरा मामला और COVID warning

नई दिल्ली: ग्लोबल पीस इनिशिएटिव के संस्थापक और इंटरनेशनल पीसमेकर डॉ. के.ए. पॉल ने रूस में एक एंटी-प्लेग लैब कर्मचारी की मौत के बाद संभावित स्वास्थ्य खतरे को लेकर चिंता जताई है। उन्होंने मामले की स्वतंत्र जांच, पारदर्शिता और समय रहते अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एहतियाती कदम उठाने की अपील की है।

साइबेरिया स्थित इरकुत्स्क एंटी-प्लेग रिसर्च इंस्टीट्यूट की 28 वर्षीय लैब टेक्नीशियन दरिया शिपिलोवा की 2 अक्टूबर को शेलेखोव में गंभीर निमोनिया के बाद मौत हो गई। रूसी स्वास्थ्य अधिकारियों ने अब तक उनकी मौत को प्लेग से जोड़ने की पुष्टि नहीं की है। अधिकारियों ने बीमारी को अज्ञात कारण से हुआ निमोनिया बताया है।

हालांकि, कुछ रिपोर्टों में शिपिलोवा की बीमारी को 25 सितंबर की एक कथित प्रयोगशाला घटना से जोड़ा गया है। रिपोर्टों में प्लेग पैदा करने वाले बैक्टीरिया वाले टेस्ट ट्यूब से संभावित संपर्क का उल्लेख किया गया है। रूसी अधिकारियों ने लैब दुर्घटना की खबरों को खारिज किया है और कहा है कि शिपिलोवा के शरीर में उनके काम से जुड़े किसी सूक्ष्मजीव के प्रमाण नहीं मिले।

शिपिलोवा के संभावित संपर्क में आए करीब 200 लोगों को एहतियात के तौर पर मेडिकल निगरानी में रखा गया है। अब तक सामने आई जानकारी के अनुसार, निगरानी में रखे लोगों में लक्षण नहीं मिले हैं और किए गए परीक्षण नकारात्मक रहे हैं। रूसी अधिकारियों ने इरकुत्स्क क्षेत्र की महामारी संबंधी स्थिति को स्थिर बताया है।

इस बीच, डॉ. पॉल ने पूरे मामले की स्वतंत्र जांच की मांग की है। उन्होंने सवाल उठाया कि कथित लैब घटना और उसके बाद स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं की जानकारी व्यापक स्तर पर शिपिलोवा की हालत बिगड़ने के बाद ही क्यों सामने आई।

डॉ. पॉल ने कहा कि दुनिया COVID-19 जैसी एक और स्वास्थ्य आपदा का जोखिम नहीं उठा सकती। उन्होंने सरकारों से देरी और पारदर्शिता की कमी से बचने तथा संभावित स्वास्थ्य खतरों पर जल्द कार्रवाई करने की अपील की।

उन्होंने कोविड-19 महामारी के शुरुआती दौर से सीख लेने की जरूरत पर भी जोर दिया। उनके मुताबिक, वैज्ञानिक जांच, disease surveillance और international cooperation के जरिए संभावित खतरों की समय रहते पहचान करनी चाहिए।

रूस की स्थिति पर अंतरराष्ट्रीय नजर भी बढ़ी है। वहीं, रूसी अधिकारी लगातार क्षेत्र में स्वास्थ्य स्थिति को स्थिर बता रहे हैं।

डॉ. पॉल ने कहा कि किसी बड़े प्रकोप की पुष्टि होने का इंतजार करने के बजाय सरकारों और अंतरराष्ट्रीय संस्थानों को preparedness, surveillance और investigation मजबूत करनी चाहिए।

शेयर करें: Facebook X WhatsApp
BN

Bureau NOTD

लेखक

NOTD News के लिए नियमित रूप से समाचार लिखते हैं।

संबंधित खबरें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

// न्यूज़लेटर

हर सुबह सबसे पहले ख़बरें।

अपना ईमेल दर्ज करें — कोई स्पैम नहीं, सिर्फ ज़रूरी खबरें।