
रेल यात्रियों को बड़ी राहत, अप्रैल 2026 से लागू नया नियम
नई दिल्ली, न्यूज ऑफ द डे
रेल यात्रियों के लिए बड़ी राहत की खबर है। भारतीय रेलवे ने यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए बोर्डिंग स्टेशन बदलने के नियमों में बड़ा बदलाव किया है। अब यात्री ट्रेन छूटने से महज 30 मिनट पहले तक अपना बोर्डिंग स्टेशन बदल सकेंगे। यह नया नियम 1 अप्रैल 2026 से लागू हो चुका है और इससे लाखों यात्रियों को फायदा मिलने की उम्मीद है।
पहले यात्रियों को बोर्डिंग स्टेशन बदलने के लिए कम से कम 24 घंटे पहले प्रक्रिया पूरी करनी होती थी। ऐसे में अचानक प्लान बदलने पर यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ता था। लेकिन अब इस नए नियम के लागू होने के बाद आखिरी समय तक भी यात्री अपनी यात्रा को आसानी से एडजस्ट कर सकेंगे।
क्या है नया नियम
रेलवे के नए नियम के मुताबिक, अब यात्री ट्रेन के निर्धारित समय से सिर्फ 30 मिनट पहले तक अपना बोर्डिंग स्टेशन बदल सकते हैं। यानी अगर आपकी यात्रा का प्लान अचानक बदल जाए, तो अब आपको टिकट कैंसिल करने या नई टिकट लेने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
हालांकि यह सुविधा सभी यात्रियों के लिए नहीं है। केवल कन्फर्म और RAC टिकट धारक ही इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं। वेटिंग टिकट वाले यात्रियों को यह सुविधा नहीं मिलेगी। साथ ही, एक टिकट पर केवल एक बार ही बोर्डिंग स्टेशन बदला जा सकेगा।
कैसे करें बोर्डिंग स्टेशन चेंज
बोर्डिंग स्टेशन बदलने की प्रक्रिया को भी आसान बनाया गया है। यात्री इसे ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरीकों से कर सकते हैं।
- ऑनलाइन: IRCTC की वेबसाइट या मोबाइल ऐप के जरिए
- ऑफलाइन: नजदीकी रेलवे रिजर्वेशन काउंटर पर जाकर
ऑनलाइन बदलाव के बाद यात्रियों को तुरंत SMS के जरिए सूचना मिल जाएगी। वहीं काउंटर पर बदलाव के लिए टिकट और वैध पहचान पत्र दिखाना जरूरी होगा।
ध्यान रखने वाली जरूरी बातें
- बदलाव ट्रेन का दूसरा चार्ट बनने से पहले करना जरूरी है
- केवल एक बार ही बोर्डिंग स्टेशन बदल सकते हैं
- वेटिंग टिकट पर यह सुविधा लागू नहीं होगी
रिफंड नियम में भी बदलाव
रेलवे ने टिकट कैंसिलेशन के नियमों में भी बदलाव किया है, जिससे यात्रियों को राहत मिलेगी।
72 घंटे पहले कैंसिल: ज्यादा रिफंड मिलेगा
24 से 72 घंटे के बीच: आंशिक कटौती
8 से 24 घंटे के बीच: लगभग 50% राशि कटेगी
8 घंटे से कम समय: कोई रिफंड नहीं
यात्रियों के लिए क्यों अहम है बदलाव
यह नया नियम खासतौर पर उन यात्रियों के लिए फायदेमंद है, जिनके ट्रैवल प्लान आखिरी समय पर बदलते रहते हैं। बिजनेस ट्रैवलर्स, इमरजेंसी यात्रा करने वाले लोग और नियमित रेल यात्री अब बिना अतिरिक्त परेशानी के अपनी यात्रा को मैनेज कर सकेंगे। कुल मिलाकर, रेलवे का यह कदम यात्रियों की सुविधा बढ़ाने की दिशा में बड़ा सुधार माना जा रहा है। इससे न केवल समय की बचत होगी, बल्कि यात्रा का अनुभव भी पहले से ज्यादा सहज और लचीला बनेगा।
