Monday, 05 October 2026
ब्रेकिंग न्यूज़
Nobel Prize 2026 Medicine: दिमाग की नसों को रोशनी से नियंत्रित करने वाली खोज के लिए तीन वैज्ञानिकों को नोबेल, जानें क्या है ऑप्टोजेनेटिक्स Imran Khan 74th Birthday: क्रिकेट के मैदान का चैंपियन और जेल में बैठकर भाषण देने वाला नेता, जानिए इमरान खान की राष्ट्रीय नायक से विलेन बनने की कहानी चार साल बाद भारतीय जर्सी में नजर आएंगे भुवनेश्वर कुमार! Hong Kong Sixes 2026 में करेंगे टीम इंडिया की कप्तानी, जानें भारत का पूरा शेड्यूल “क्या एक और महामारी आने वाली है?” रूस में लैब कर्मचारी की मौत पर डॉ. के.ए. पॉल की चेतावनी नसीरुद्दीन शाह के CJP प्रदर्शन में शामिल होने पर भड़के पीयूष मिश्रा, बोले- ‘स्मित मच्छार की बहादुरी पर भी बोलिए’ SIR पर सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस उज्ज्वल भुइयां की दो टूक, बोले- ‘करोड़ों लोगों को वोट से वंचित करना…’ संजय दत्त के ‘भारत में शांति नहीं’ वाले बयान पर मचा बवाल, अब बोले- ‘बात स्क्रिप्टेड थी, किसी को ठेस पहुंचाना मकसद नहीं’ तालकटोरा स्टेडियम में 4वीं दिल्ली स्टेट पैरा स्विमिंग चैंपियनशिप का समापन, 150 से ज्यादा तैराकों ने लिया हिस्सा Nobel Prize 2026 Medicine: दिमाग की नसों को रोशनी से नियंत्रित करने वाली खोज के लिए तीन वैज्ञानिकों को नोबेल, जानें क्या है ऑप्टोजेनेटिक्स Imran Khan 74th Birthday: क्रिकेट के मैदान का चैंपियन और जेल में बैठकर भाषण देने वाला नेता, जानिए इमरान खान की राष्ट्रीय नायक से विलेन बनने की कहानी चार साल बाद भारतीय जर्सी में नजर आएंगे भुवनेश्वर कुमार! Hong Kong Sixes 2026 में करेंगे टीम इंडिया की कप्तानी, जानें भारत का पूरा शेड्यूल “क्या एक और महामारी आने वाली है?” रूस में लैब कर्मचारी की मौत पर डॉ. के.ए. पॉल की चेतावनी नसीरुद्दीन शाह के CJP प्रदर्शन में शामिल होने पर भड़के पीयूष मिश्रा, बोले- ‘स्मित मच्छार की बहादुरी पर भी बोलिए’ SIR पर सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस उज्ज्वल भुइयां की दो टूक, बोले- ‘करोड़ों लोगों को वोट से वंचित करना…’ संजय दत्त के ‘भारत में शांति नहीं’ वाले बयान पर मचा बवाल, अब बोले- ‘बात स्क्रिप्टेड थी, किसी को ठेस पहुंचाना मकसद नहीं’ तालकटोरा स्टेडियम में 4वीं दिल्ली स्टेट पैरा स्विमिंग चैंपियनशिप का समापन, 150 से ज्यादा तैराकों ने लिया हिस्सा

दिल्ली में प्रशासनिक बड़ा बदलाव: 11 जिलों से बढ़कर 13 जिले, SRO मैप के साथ नागरिकों को मिलेगी सुगम सेवाएँ

नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली (GNCTD) सरकार ने 25 दिसंबर 2025 को आधिकारिक रूप से राजधानी के प्रशासनिक जिलों का पुनर्गठन कर दिया। अब पहले के 11 जिलों के स्थान पर 13 जिले होंगे। इस बदलाव का उद्देश्य प्रशासनिक दक्षता बढ़ाना और सेवाओं को नागरिकों के करीब लाना है।

पहले के 11 जिलों का इतिहास — कब और किसने नाम दिए?

दिल्ली में 11 जिले का प्रशासनिक ढांचा सितंबर 2012 में बनाया गया था, जब दिल्ली को पहले के 9 जिलों से 11 जिलों में विभाजित किया गया। यह विभाजन राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली सरकार (GNCTD) के प्रशासनिक निर्णय के तहत किया गया था ताकि राजस्व और जिला प्रशासन बेहतर तरीके से संचालित हो सके। (dmsouth.delhi.gov.in)

इन 11 जिलों के नाम इस प्रकार हैं:

  • उत्तर दिल्ली (North Delhi)
  • उत्तर‑पूर्वी दिल्ली (North East Delhi)
  • उत्तर‑पश्चिमी दिल्ली (North West Delhi)
  • पश्चिमी दिल्ली (West Delhi)
  • दक्षिण दिल्ली (South Delhi)
  • दक्षिण‑पश्चिमी दिल्ली (South West Delhi)
  • दक्षिण‑पूर्वी दिल्ली (South East Delhi)
  • नई दिल्ली (New Delhi)
  • मध्य दिल्ली (Central Delhi)
  • पूर्वी दिल्ली (East Delhi)
  • शाहदरा (Shahdara)

ये नाम और जिले सितंबर 2012 में दिल्ली सरकार द्वारा अधिसूचित किए गए थे। इससे पहले जनवरी 1997 में नौ जिले बनाए गए थे, और उससे पहले दिल्ली में केवल एक जिला था।

अब 13 जिलों का नया प्रशासनिक ढांचा (25 दिसंबर 2025 से लागू)
सरकार ने कैबिनेट की मंजूरी के बाद 13 राजस्व जिलों का पुनर्गठन किया है, जिसमें तीन नए जिले शामिल हैं और शाहदरा जिले को अन्य जिलों के साथ समायोजित किया गया है।

नई 13 जिलों की सूची:

  • साउथ ईस्ट
  • ओल्ड दिल्ली
  • नॉर्थ
  • न्यू दिल्ली
  • सेंट्रल
  • सेंट्रल नॉर्थ
  • साउथ वेस्ट
  • आउटर नॉर्थ
  • नॉर्थ वेस्ट
  • नॉर्थ ईस्ट
  • ईस्ट दिल्ली
  • साउथ दिल्ली
  • वेस्ट दिल्ली

नया SRO (सब‑रजिस्टार ऑफिस) मैप और प्रशासनिक सेवाएँ

सरकार ने संक्रमण काल के दौरान सेवाएँ बिना रुकावट जारी रखने के लिए अंतरिम सब‑रजिस्टार ऑफिस (SRO) मैपिंग भी जारी की है। इसका उद्देश्य है कि संपत्ति और दस्तावेज़ पंजीकरण कार्य नागरिकों के लिए सुचारू रूप से चलते रहें।
आगे चलकर पुराने 22 SRO कार्यालयों को बढ़ाकर 39 किया जाएगा, जिससे यह समन्वय और सेवाओं की पहुंच और अधिक प्रभावी बनेगी। विस्तार वाली अधिसूचना आने वाले दिनों में अलग से जारी की जाएगी।

परिणाम और नागरिकों के लिए सलाह

यह परिवर्तन प्रशासनिक कार्यों को सरल बनाने, सेवाओं की उपलब्धता बढ़ाने तथा स्थानीय स्तर पर निर्णय‑प्रक्रिया त्वरित करने में मदद करेगा। नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे अंतरिम मैपिंग के अनुसार ही वर्तमान SRO कार्यालयों का उपयोग जारी रखें जब तक नई व्यवस्था पूरी तरह लागू नहीं हो जाती।

शेयर करें: Facebook X WhatsApp
BN

Bureau NOTD

लेखक

NOTD News के लिए नियमित रूप से समाचार लिखते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

// न्यूज़लेटर

हर सुबह सबसे पहले ख़बरें।

अपना ईमेल दर्ज करें — कोई स्पैम नहीं, सिर्फ ज़रूरी खबरें।

Exit mobile version