Sunday, 25 October 2026
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एआईसीटीई ने ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्र के लिए लांच किया प्लेसमेंट पोर्टल, मिलेंगे नौकरी के हजारों विकल्प

नियोक्ताओं और नौकरी की तलाश वाले छात्रों के बीच सेतु का काम करेगा यह पोर्टल: प्रो. टीजी सीताराम

2000 से अधिक कंपनियों ने पोर्टल पर किया पंजीकरण, यूजर फ्रेंडली बनाया गया है पोर्टल

नई दिल्ली।

अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (एआईसीटीई) के चेयरमैन प्रो. टी जी सीताराम ने बृहस्पतिवार को एआईसीटीई प्लेसमेंट पोर्टल लांच किया। एआईसीटीई मुख्यालय में आयोजित कार्यक्रम में पोर्टल लांच करने के बाद प्रो. टी जी सीताराम ने कहा कि इस पोर्टल के माध्यम से ग्रामीण और आदिवासी इलाकों में रहने वाले युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने पर ध्यान दिया जाएगा। अब ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्र के इंजीनियरिंग समेत विभिन्न तकनीकी पाठ्यक्रम के छात्र छात्राओं को नौकरी के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। यह पोर्टल उन्हें हजारों मल्टीनेशनल कंपनियों से सीधे कनेक्ट करेगा। एआईसीटीई ने यह पोर्टल प्रत्येक व्यक्ति को रोजगार के समान अवसर देकर समाज की मुख्य धारा से जोड़ने की पहल के तहत लांच किया है। इस दौरान एआईसीटीई मेम्बर सेक्रेटरी प्रो. राजीव कुमार और कोआर्डिनेटिंग ऑफिसर डॉ. बुद्ध चंद्रशेखर भी मौजूद रहे। लांच कार्यक्रम में 600 से अधिक एआईसीटीई संस्थान, इंडस्ट्री पार्टनर और सेल्सफोर्स, सर्विस नाऊ, फाइटेक, मेडिनी और आईडीएस आदि कंपनियों के प्रतिनिधि ऑनलाइन जुड़े और प्रसन्नता व्यक्त की।

प्रो. टी जी सीताराम ने कहा कि इस पोर्टल पर पंजीकरण करने के बाद छात्रों को अपने विषय विशेषज्ञता से संबंधित नौकरी के हजारों विकल्प मिलेंगे। उन्होंने कहा कि ज़्यादातर नियोक्ता अपने लिए मैनपावर की तलाश में ग्रामीण इलाकों में नहीं जाते हैं। जबकि ग्रामीण इलाकों के संस्थानों बड़ी संख्या में प्रतिभाशाली छात्र छात्राएं हैं। इसलिए यह पोर्टल शुरू किया गया है जो छात्रों और नियोक्ताओं के बीच सेतु का काम करेगा। छात्रों कि सहायता के लिए एआईसीटीई की हेल्पलाइन भी उपलब्ध रहेगी। विभिन्न क्षेत्र में काम कर रहीं 2000 से अधिक कंपनियों ने पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कर लिया है। यह पोर्टल नियोक्ताओं को अपने लिए देश भर के उत्कृष्ठ इंजीनियरिंग और मैनेजमेंट कॉलेजों से बेहतरीन मैनपावर तलाश करने के लिए सबसे अच्छा और सुलभ प्लेटफार्म साबित है। जल्द ही इस पोर्टल को एआईसीटीई इंटर्नशिप पोर्टल से भी जोड़ा जाएगा। यह पोर्टल यूजर फ्रेंडली बनाया गया है ताकि वे लोग भी आसानी से एक्सेस कर पाएं जिन्हें हाइ स्पीड इंटरनेट कनेक्टिविटी और लेटेस्ट टेक्नोलोजी उपलब्ध नहीं है। इसमें नेटवर्किंग टूल्स, करियर काउंसिलिंग, इंटरव्यू टिप्स आदि फीचर्स भी रखे गए हैं जो छात्रों को जल्द नौकरी दिलाने में सहायक होंगे।

एआईसीटीई के कोआर्डिनेटिंग ऑफिसर डॉ. बुद्ध चंद्रशेखर ने कहा कि ग्रामीण और आदिवासी इलाकों के छात्रों के लिए हम क्या कर सकते हैं, इस सवाल के साथ पोर्टल शुरू करने का विचार आया था। आज यह प्लेटफार्म 600000 गांवों और आदिवासी इलाकों तक पहुँच चुका है। यह कई भाषाओं में उपलब्ध है।

60 प्रतिशत छात्र ग्रामीण इलाकों में पढ़ते हैं :
हाल ही में उच्च शिक्षा के क्षेत्र में किए गए एक सर्वे के अनुसार भारत में कुल 42343 कॉलेज हैं जिनमें से करीब 26000 (60.56 प्रतिशत) कॉलेज ग्रामीण क्षेत्रों में हैं। इस तरह से में दो तिहाई छात्र ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में पढ़ते हैं। इसलिए इन इलाकों के प्रतिभाशाली छात्रों को बड़ी कंपनियों में रोजगार दिलाने के लिए एआईसीटीई ने यह कदम उठाया है। परिषद ने इस पोर्टल के माध्यम से रोजगार की उपलब्धता और पहुंच के मामले शहरी और ग्रामीण क्षेत्र के बीच के इस अंतर को फटने का प्रयास किया है।

Link of placement portal: https://placement.aicte-india.org/

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Aniket

लेखक

Aniket Sardhana is a journalism graduate with hands-on experience in field reporting, camera operations, and news production. With a strong understanding of newsroom workflows and on-ground storytelling, he has developed a practical and detail-oriented approach to reporting. Aniket writes extensively on cryptocurrency and current affairs, focusing on policy developments, market trends, and their broader socio-economic impact.

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