नई दिल्ली, न्यूज ऑफ द डे
राजधानी दिल्ली में ट्रेनों की लेट-लतीफी से यात्रियों को जल्द राहत मिलने वाली है। खासकर गाजियाबाद की ओर से नई दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन की तरफ जाने वाली ट्रेनें, जो अक्सर आउटर या बीच के स्टेशनों पर रुककर समय गंवाती हैं, अब सुचारु रूप से चल सकेंगी। इसके लिए तिलक ब्रिज से आनंद विहार तक रेलवे लाइन का विस्तार किया जा रहा है।
दरअसल, अभी इस पूरे रेलखंड पर केवल दो लाइनों के सहारे ही ट्रेनों का संचालन हो रहा है, जबकि ट्रैफिक का दबाव कहीं ज्यादा है। नई दिल्ली स्टेशन से तिलक ब्रिज तक तो छह लाइनें मौजूद हैं, लेकिन इसके आगे आनंद विहार तक करीब 9.77 किलोमीटर का हिस्सा सिर्फ दो लाइनों पर निर्भर है। यही नहीं, हजरत निजामुद्दीन की ओर जाने वाली दो लाइनें भी इसी सेक्शन में जुड़ जाती हैं। ऐसे में आठ लाइनों का ट्रैफिक आगे जाकर दो लाइनों में सिमट जाता है, जिससे जाम की स्थिति बन जाती है।
हर दिन गुजरती हैं सैकड़ों ट्रेनें
इस सेक्शन पर रोजाना लगभग 180 यात्री ट्रेनें और करीब 40 मालगाड़ियां संचालित होती हैं। इतनी बड़ी संख्या में ट्रेनों के दबाव के कारण अक्सर ट्रेनों को रोकना पड़ता है, जिससे देरी आम बात हो गई है।
तीसरी-चौथी लाइन से बदलेगी तस्वीर
इस समस्या के समाधान के लिए रेलवे ने तिलक ब्रिज और आनंद विहार के बीच तीसरी और चौथी लाइन बिछाने का फैसला काफी पहले, वर्ष 2013 में ही कर लिया था। हालांकि, रास्ते में आने वाले पेड़ों को हटाने की अनुमति नहीं मिलने के कारण यह परियोजना लंबे समय तक अटकी रही।
अब हालात बदल चुके हैं। पिछले साल जरूरी अनुमति मिलने के बाद निर्माण कार्य में तेजी आई है। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक अब तक करीब 1.40 किलोमीटर हिस्से में काम पूरा हो चुका है और बाकी काम भी तेजी से आगे बढ़ रहा है।
अगले साल तक पूरा होने की उम्मीद
परियोजना को अगले वर्ष तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। जैसे ही यह काम पूरा होगा, ट्रेनों की आवाजाही अधिक सुगम हो जाएगी और देरी की समस्या काफी हद तक खत्म हो जाएगी। इससे न सिर्फ यात्रियों को राहत मिलेगी, बल्कि दिल्ली के व्यस्त रेल नेटवर्क पर भी दबाव कम होगा।
